मेडिकल कॉलेज की दो इंटर्न छात्राएं निलंबित: दो माह के लिए हॉस्टल से किया गया निष्कासित।
25-25 हजार का जुर्माना भी, ये है।
मध्यप्रदेश मेडिकल कॉलेज की दो इंटर्न छात्राएं निलंबित: दो माह के लिए हॉस्टल से निष्कासित।
दो पर 25-25 हजार का जुर्माना भी लगाया गया है।
ये है पूरा मामला मध्य प्रदेश के जिला शहडोल में संचालित शासकीय बिरसा मुंडा मेडिकल कॉलेज से एक आपसी विवाद का मामला सामने आया।
जहां लेबर रूम जिसे प्रसूता वार्ड भी कहा जाता है जिसमें इंटर्न छात्राओं के मारपीट और हंगामा करने का मामला दर्ज कराया गया है जिनको अब कॉलेज प्रबंधन ने सख्ती से निपटाया है।
इंटर्न छात्रा शानू अग्रवाल और योगिता त्यागी को दो माह के लिए इंटर्नशिप से निलंबित कर दिया गया है।
साथ ही दोनों को दो माह तक हॉस्टल से निष्कासित किया गया है और प्रति छात्रा 25,000 रुपये का अर्थदंड भी लगाया गया है।
सूत्रों से प्राप्त जानकारी के अनुसार, इंटर्न छात्राओं ने लेबर रूम में ड्यूटी पर मौजूद एक इंटर्न डॉक्टर से मारपीट की थी। अचानक हुए इस हंगामे से प्रसव के लिए भर्ती गर्भवती महिलाओं को भी भारी परेशानी उठानी पड़ी।
लेकिन घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल होने के बाद यह मामला और भी तूल पकड़ लिया। इतना ही नहीं इन छात्राओं का एक और वीडियो सामने आया था जिसमें उन्हें अन्य स्थान पर भी मारपीट करते देखा गया था।
लगातार बढ़ते विवाद के बाद मेडिकल कॉलेज प्रबंधन ने जांच समिति गठित की। जांच में दोषी पाए जाने पर कॉलेज काउंसिलिंग के बाद छात्राओं पर निलंबन, हॉस्टल निष्कासन और जुर्माने की कार्रवाई की गई। कॉलेज प्रबंधन ने साफ किया है कि भविष्य में इस तरह की हरकत बर्दाश्त नहीं की जाएगी और अनुशासन भंग करने वाले छात्रों पर कड़ी कार्रवाई जारी रहेगी।