आदिवासी अंचल में पहली बार अंतर्राष्ट्रीय स्तर पर शख्सियत प्राप्त संस्था द्वारा रथ यात्रा करने जा रही है।
इस बाबत केंद्र प्रमुख नर्तन सेवक दास ब्रह्मचारी ने बताया हरे कृष्णा. हरे राम संकीर्तन के साथ भगवान श्री जगन्नाथ की भब्य शोभा यात्रा निकाली जाएगी।
भगवान के प्रवास पर यहां 9 दिन निरंतर संकीर्तन कीर्तन व भंडारे का कार्यक्रम होगा।
कार्यक्रम के बारे में जानकारी देते हुए केंद्र प्रमुख नरोत्तम सेवक दास ब्रह्मचारी ने कहा कि पूरे कार्यक्रम में भक्तजनों के साथ लोगों का समागम होगा, हर वर्ग के लोग इसमें उत्साह के साथ इस्कान के कार्यक्रम भजन कीर्तन में शामिल होंगे। 9 दिन के प्रवास पश्चात भगवान जगन्नाथ स्वामी की रथ यात्रा 28 जून को दोपहर बाद 3 बजे अपने मूल केंद्र स्थान पर शिव मंदिर तिराहा के लिए रवाना होगी।
शहडोल इस्कान प्रमुख नरोत्तम सेवक दास ब्रह्मचारी ने सभी भक्तजनों से अपेक्षा से अनुरोध की है इस रथयात्रा का सेवा भाव के साथ आनंद प्राप्त करें। और सब मिलकर मानव जीवन भावना से कार्यक्रम को सफल बनाएं।
