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अवैध उत्खनन पर स्थानीय पुलिस प्रशासन की कार्यवाही कोयला सहित जेसीबी मशीन जप्त।

अवैध कोयला उत्खनन कारोबार में स्थानीय पुलिस की कार्यवाही। 

लगभग तीस लाख रुपए का मसरूका जप्त।

वाहन मालिकों के नाम-पता जारी।

रिपब्लिक न्यूज।।

शहडोल मुख्यालय जिले में हो रहे अवैध खनन कारोबार में एक कारोबार जो धरती के नीचे छुपा ब्लैक डायमंड यानी कोयले का काला कारोबार लगातार अपडेट बढ़ता जा रहा है। कोल माफिया जंगल के कई क्षेत्रों और सुनसान इलाकों में खाई गुफानुमा खतरनाक गड्ढे खोदकर अवैध कोयला उत्खनन कर रहे हैं। इसी काले कारोबार पर बड़ी कार्रवाई करते हुए जिला के बुढार पुलिस प्रशासन ने अपने क्षेत्र के जमुनिया नाला में छापेमारी कर अवैध कोयला उत्खनन व्यापार का भंडाफोड़ किया है।

संबंधित पुलिस प्रशासन ने कार्रवाई के दौरान लगभग 30 लाख रुपए का मशरूका यानी अवैध उत्खनन कोयला, एक जेसीबी मशीन एवं साथ में ट्रैक्टर-ट्रॉली जब्त किए है।

जानकारी के मुताबिक, बुढार थाना क्षेत्र अंतर्गत ग्राम लालपुर जमुनिहा नाला में लंबे समय से अवैध कोयला उत्खनन व्यापार परिवहन का खेल चल रहा था, स्थानीय मुखबिर से सूचना प्राप्त होते ही बुढार पुलिस प्रशासन ने योजना बनाई और तत्काल पुरे इलाके में छापामारी, जैसे ही पुलिस की रेड पड़ा मौके पर अफरा-तफरी मच गई और अवैध कारोबार में लगे स्थानीय लोग भाग निकले, जिसमें मौके पर पुलिस को भारी मात्रा में अवैध कोयला मिला, जिसकी कीमत करीब 30 लाख रुपए बताया जा रहा है।

अवैध कोयला उत्खनन में इस्तेमाल की जा रही एक जेसीबी मशीन और ट्रैक्टर-ट्रॉली भी जब्त की गई है। 

पुलिस ने वाहन मालिकों और अवैध कारोबार से जुड़े लोगों के खिलाफ मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। 

बताया जा रहा है कि क्षेत्र में गुफानुमा खतरनाक अवैध खदानें बनाकर धरती के नीचे से कोयला निकाला जा रहा है, अवैध खदानें न सिर्फ गैरकानूनी थीं, बल्कि कभी भी बड़े हादसे का कारण बन सकता है। फिलहाल बुढार पुलिस प्रशासन ने पूरे नेटवर्क की जांच में जुटी हुई है। इस कार्रवाई के बाद इलाके में सक्रिय कोल माफियाओं में हड़कंप मच गया है।

वहीं इस मामले में बुढार थाना प्रभारी विनय सिंह गहरवार ने जानकारी देते हुए बताया कि थाना क्षेत्र के जमुनिया नाला से कोयले का अवैध उत्खनन कर परिवहन पर कार्रवाई करते हुए एक जेसीबी और एक ट्रैक्टर जब्त कर दोनों वाहन मालिकों के खिलाफ कार्रवाई की है। 

लेकिन संबंधित पुलिस प्रशासन के द्वारा अभी तक वाहन मालिकों के नाम नहीं बताए गए तो क्या हुई कार्यवाहीं और किसके ऊपर किया जाएगा कार्यवाहीं।

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