भ्रष्टाचार लूट का नया आयाम स्थापित करने के लिए छात्रावास अधीक्षिका अधीक्षकों की बैठक का आयोजन।
बैठक भी जिला के उन्हीं छात्रावास आश्रम अधीक्षक अधीक्षिकाओं को बुलाया गया है जहां पर खरीदी की राशि आई है।
छात्रावास आश्रम के बच्चों के खाते में राशि शासन के द्वारा भेजा जाता है।
शहडोल // मुख्यालय अंतर्गत बहुचर्चित कार्यालय का नया मामला फिर से चरम सीमा पर यहां पर बैठे कुछ बाबू और कंप्यूटर ऑपरेटर दैनिक वेतन कर्मचारी के मिली भगत से अधिकारी को गुमराह कर अब छात्रावास आश्रमों में इनकी ठेका प्रथा चलेगा।
कार्यालय से एक आदेश पारित किया गया है मुख्यालय नगर में स्थित एक छात्रावास में बैठक का आयोजन कर जिले में संचालित सभी छात्रावास आश्रम के अधीक्षक अधीक्षिकाओं को बुलाया गया है जिस पर एक आयोजन का नाम देकर अब नए तरीके से भ्रष्टाचार का नया आयाम स्थापित किया जाना संभव है।
शासन के बिना अनुमति के क्या अधिकारी आदेश पारित कर बैठक का आयोजन करने के लिए बाध्य है और बात है तो फिर उन छात्रावास आश्रमों के अधीक्षक अधीक्षिकाओं को क्यों बुलाया गया जिनके खातों पर छात्रावास के लिए खरीदी की राशि शासन के द्वारा उपलब्ध कराई गई है।
जिले के और भी कई छात्रावास आश्रम है जहां पर बच्चों के खाते में सीधे पैसा शासन के द्वारा जमा किया जाता है।
विभागीय विशेष सूत्र अनुसार प्राप्त जानकारी।
संबंधित कार्यालय प्रमुख अधिकारी को गुमराह करते हुए कार्यालय में पदस्थ कंप्यूटर ऑपरेटर और कुछ बाबुओं के मिली भगत से इस तरह का बैठक आयोजन किया जा रहा है, अगर शासन के द्वारा आदेश हुआ होता बैठक का आयोजन करना है तो निश्चित रूप से जिले के सभी छात्रावास आश्रमों के अधीक्षक अधीक्षिकाओं को बैठक में बुलाया जाता लेकिन ऐसा आदेश नहीं हुआ है सिर्फ उन्हीं छात्रावास आश्रमों के अधीक्षक अधीक्षिकाओं को बुलाया गया है जिनके खातों पर खरीदी के लिए शासन के द्वारा राशि उपलब्ध कराई गई है।
कई छात्रावास अधीक्षकों की कहानी स्वयं उनके जुबानी।
अगले अंक में हम बताएंगे जिला के गोहपारू जनपद शिक्षा केंद्र विकासखंड शिक्षा अधिकारी क्षेत्र के किस छात्रावास अधीक्षक ने कैसे शासन के राशि का दुरुपयोग किया और स्वयं के उपयोग में किए गए खर्च का चेक अधिकारियों को गुमराह करते हुए काटा है, और जो पूर्व के बालक छात्रावास में पदस्थ था उस छात्रावास कि राशि भी आज तक हड़प कर रखा है और जहां वर्तमान में पदस्थ है उस छात्रावास में लगने वाले सिस्टम की राशि भी गोलगप्पे कर हजम करने की तैयारी में है।
रिपब्लिक न्यूज।