शहडोल मुख्यालय शासन के राज्य शिक्षा केंद्र से एक लाख रुपए राशि का बजट हुआ था जारी सामग्री खरीदी के लिए लेकिन आज तक कई प्री प्राइमरी विद्यालय में सामग्री कि खरीददारी नहीं हुआ है।
मामला जिले में लगभग 150 संख्या में प्री प्राइमरी विद्यालय परिसर है जहां पर राज्य शिक्षा केंद्र के द्वारा एक बजट पास किया गया था। एक लाख रुपए राशि का भुगतान भी संबंधित। विधालय को सत्र 2021-22 में माह अक्टूबर 2021से पहले ही भुगतान किया गया था। लेकिन प्री प्राइमरी शासकीय प्राथमिक विद्यालयों से चेक के माध्यम से उस राशि को जन शिक्षा केन्द्र समन्वयक के द्वारा कोटेशन पत्र देकर वापस ले लिया गया। और अभी तक नहीं पहुंचाया गया उस राशि का सामग्री। लगभग ₹1लाख रुपए राशि स्वीकृत कर प्रधानाध्यापक के नाम से जमा किया गया था विद्यालय के बैंक खातों में। लेकिन संकुल अंतर्गत पदस्थ सीएसी के द्वारा विद्यालय के प्रधानाध्यापक से उस राशि का चेक ले लिया गया वापस सामग्री खरीदी के नाम पर। संकुल अंतर्गत पदस्थ सीएससी जो चेक प्राप्त करता शासकीय कर्मचारी है। लेकिन सामग्री किसके द्वारा खरीदा जाएगा और फिर विद्यालयों को किसके द्वारा भेजा जाएगा । विशेष विभागीय सूत्रों से प्राप्त जानकारी इस खेल के मास्टरमाइंड विभागीय जिला प्रमुख सर्व शिक्षा अभियान है। क्या शासन से कोई ऐसा आदेश पत्र आया है जो प्री प्राइमरी प्राथमिक शासकीय विद्यालय को किए गए एक लाख रुपए राशि प्रदान इस राशि की खरीददारी करने के लिए। सीएसी के द्वारा प्रधानाध्यापक से चेक वापस लें कर और सामग्री खरीद कर विद्यालयों में भेजा जाएगा किसके इशारे में सीएसी ने विद्यालय के प्रधानाध्यापक से बिना सामग्री खरीदे चेक लेकर गए । कौन है इस खेल के आदेश करता कमिश्नर संभाग प्रमुख या जिला कलेक्टर सहायक आयुक्त आदिम जाति कल्याण विभाग या जिला शिक्षा अधिकारी या फिर जिला परियोजना समन्वयक शिक्षा केंद्र अधिकारी या संबंधित विकास खंड शिक्षा अधिकारी जिनके मौखिक आदेश से जन शिक्षा समन्वयक ले गए विधालय से चेक और नहीं आया है अभी तक कई विधालय में सामग्री। क्या अब फिर से बिना सामग्री खरीदे हो जाएगा राशि का भुगतान क्या शासन से पदस्थ विधालय के शिक्षक सामग्री खरीदने में सक्षम नहीं है।